होमदेश विदेश उत्तर प्रदेश क्रिकेट बॉलीवुडमिडिल ईस्ट तकनीक राजनितिक Web Stories
---Advertisement---

Nandigram Bypoll : नंदीग्राम में कांग्रेस के साथ आईं ममता, BJP पर लगाए गंभीर आरोप

---Advertisement---

HIGHLIGHTS

  • ममता बनर्जी ने BJP पर चुनावों में ‘वोट चोरी’ के आरोप लगाए।
  • TMC के नाम-चिह्न विवाद पर चुनाव आयोग के आदेश को उन्होंने लोकतंत्र के लिए दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
  • नंदीग्राम उपचुनाव में ममता गुट ने कांग्रेस उम्मीदवार को समर्थन देने का ऐलान किया है।

Nandigram Bypoll: कोलकाता, 18 सितंबर 2026। पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस की नेता ममता बनर्जी ने शुक्रवार को चुनावी प्रक्रिया और भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला। कोलकाता में पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने ‘वोट चोरी’ के मुद्दे पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि बिहार, छत्तीसगढ़, हरियाणा और बंगाल में वोटों को लूटा गया। उन्होंने BJP को ‘झूठी पार्टी’ और ‘जुमला पार्टी’ तक कह दिया।

ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि मौजूदा सत्ता का काम लोकतंत्र, संविधान और शिक्षा व्यवस्था को कमजोर करना है। उन्होंने पत्रकारों की गिरफ्तारी का भी जिक्र किया और कहा कि यदि कोई व्यक्ति सरकार या BJP के खिलाफ आवाज उठाता है तो उसे भी निशाना बनाया जाता है। हालांकि, ये सभी आरोप ममता बनर्जी के राजनीतिक दावे हैं और संबंधित पक्षों की ओर से इन पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ सकती हैं।

ममता का यह बयान ऐसे समय आया है जब पश्चिम बंगाल की राजनीति में तृणमूल कांग्रेस के भीतर संगठनात्मक विवाद और चुनाव चिह्न को लेकर संघर्ष तेज हो गया है। चुनाव आयोग ने 17 सितंबर को दोनों प्रतिद्वंद्वी गुटों को मूल ‘ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘फूल-घास’ वाले पारंपरिक चुनाव चिह्न के इस्तेमाल से अंतरिम तौर पर रोक दिया। आयोग ने ममता गुट को ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘फुटबॉल खिलाड़ी’ चुनाव चिह्न आवंटित किया है, जबकि दूसरे गुट को ‘डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘लिफाफा’ चिह्न दिया गया है।

‘वोट चोरी’ से लेकर लोकतंत्र तक, ममता का BJP पर निशाना

ममता बनर्जी ने ‘वोट चोरी’ को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि यह बेहद दुखद स्थिति है। उन्होंने दावा किया कि कई राज्यों में चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित किया गया। उनके बयान में बिहार, छत्तीसगढ़, हरियाणा और पश्चिम बंगाल का विशेष रूप से उल्लेख रहा। Nandigram Bypoll

उन्होंने BJP को ‘झूठी BJP पार्टी’ और ‘जुमला पार्टी’ बताते हुए आरोप लगाया कि पार्टी की नीतियों का मकसद देश में लोकतंत्र, संविधान और शिक्षा व्यवस्था को खत्म करना है। ममता ने यह भी कहा कि पत्रकारों को नहीं बख्शा जाता और सरकार के खिलाफ बोलने वालों पर कार्रवाई की जाती है।

उन्होंने महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का उदाहरण देते हुए कहा कि उनके सामने भी ऐसी ही स्थिति आई थी। ममता का कहना था कि वह ऐसे किसी व्यक्ति का सम्मान नहीं करतीं जो केवल BJP के अहंकार को संतुष्ट करने में लगा हुआ हो।

ममता के इन आरोपों के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी TMC के नाम और चुनाव चिह्न को लेकर ममता के समर्थन में बयान दिया है और चुनाव आयोग तथा BJP पर आरोप लगाए हैं। राहुल गांधी ने इस विवाद को ‘वोट चोरी’ और ‘पार्टी चोरी’ के अपने राजनीतिक नैरेटिव से जोड़ा।

हालांकि, चुनाव आयोग का कहना है कि TMC के दोनों गुटों के बीच विवाद के कारण अंतिम फैसला तत्काल करना संभव नहीं था। आयोग ने चुनाव चिह्न संबंधी नियमों और समय की कमी का हवाला देते हुए अंतरिम व्यवस्था लागू की है। दोनों गुटों को अलग-अलग नाम और चिह्न के साथ चुनावी प्रक्रिया में आगे बढ़ने को कहा गया है।

TMC के नाम और निशान पर घमासान..Nandigram Bypoll

तृणमूल कांग्रेस के भीतर चल रहा विवाद अब पार्टी के नाम और चुनाव चिह्न तक पहुंच गया है। एक तरफ ममता बनर्जी अपने नेतृत्व और पार्टी पर अधिकार का दावा कर रही हैं, वहीं दूसरे गुट के नेता भी खुद को पार्टी का वैध प्रतिनिधि बता रहे हैं। Nandigram Bypoll

चुनाव आयोग के अंतरिम आदेश के बाद ममता बनर्जी ने इस फैसले को ‘लोकतंत्र के इतिहास का काला दिन’ बताते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण, असंवैधानिक, गैरकानूनी और अलोकतांत्रिक बताया। ये शब्द ममता बनर्जी के अपने राजनीतिक बयान का हिस्सा हैं।

इस पूरे विवाद का असर पश्चिम बंगाल में होने वाले उपचुनावों पर भी दिखाई दे रहा है। नंदीग्राम विधानसभा सीट पर ममता बनर्जी के गुट ने कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को समर्थन देने का फैसला किया है। ममता गुट की उम्मीदवार संचिता प्रधान डे ने अपना नामांकन वापस ले लिया, जिसके बाद कांग्रेस उम्मीदवार को समर्थन देने का रास्ता साफ हुआ।

ममता बनर्जी ने कहा कि नंदीग्राम में कांग्रेस को समर्थन देने का फैसला व्यापक राजनीतिक हित और विपक्षी एकजुटता के मद्देनजर लिया गया है। उन्होंने INDIA गठबंधन के साथ एकजुटता की बात भी दोहराई।

नंदीग्राम उपचुनाव के लिए कांग्रेस ने मिलन प्रधान, CPI ने शांति गोपाल गिरि और BJP ने हसीरानी राठ को उम्मीदवार बनाया है। यहां मतदान 6 अक्टूबर को होना है, जबकि मतगणना 9 अक्टूबर को निर्धारित है।

नंदीग्राम से दिल्ली तक गरमाई सियासत

ममता बनर्जी के ताजा बयान से पश्चिम बंगाल की सियासत में एक बार फिर बयानबाजी तेज हो गई है। एक तरफ TMC के भीतर संगठन और चुनाव चिह्न को लेकर विवाद चल रहा है, वहीं दूसरी तरफ विपक्षी दलों के बीच राजनीतिक तालमेल की कोशिशें भी दिखाई दे रही हैं। Nandigram Bypoll

ममता ने साफ किया कि वह अपनी पार्टी छोड़ने वाली नहीं हैं और TMC को लेकर अपने अधिकार का दावा बरकरार रखा। उन्होंने कहा कि राजनीतिक संघर्ष जारी रहेगा। दूसरी ओर, चुनाव आयोग की अंतरिम व्यवस्था के कारण फिलहाल दोनों गुट अलग-अलग नाम और चुनाव चिह्न के साथ आगे बढ़ेंगे। अंतिम स्थिति आयोग की आगे की कार्यवाही और संबंधित कानूनी प्रक्रिया पर निर्भर करेगी। Nandigram Bypoll

इस पूरे घटनाक्रम ने ‘वोट चोरी’, चुनावी पारदर्शिता, राजनीतिक दलों के भीतर लोकतांत्रिक प्रक्रिया और चुनाव चिह्न के अधिकार जैसे मुद्दों को फिर चर्चा के केंद्र में ला दिया है। ममता बनर्जी और कांग्रेस की ओर से चुनावी प्रक्रिया पर सवाल उठाए जा रहे हैं, जबकि चुनाव आयोग ने अपने अंतरिम फैसले को पार्टी के अंदरूनी विवाद और आगामी उपचुनाव की समयसीमा के संदर्भ में रखा है।

फिलहाल पश्चिम बंगाल की राजनीति में सबसे बड़ा सवाल यही है कि TMC के नाम और पारंपरिक चुनाव चिह्न को लेकर आगे क्या फैसला होता है और नंदीग्राम उपचुनाव में विपक्षी दलों के बीच बनी नई राजनीतिक स्थिति किस रूप में सामने आती है। Nandigram Bypoll

Sources: , The News Mill, The Indian Express , Times of India ,The Indian Express

Azmatulla

Hi, I am an experienced journalist and news writer with over 20 years of experience in the media industry. Throughout my career, I have worked with more than 15 Hindi and Urdu newspapers, covering a wide range of topics including politics, current affairs, national news, international developments, and social issues.With extensive experience in both print and digital journalism, I am committed to delivering accurate, reliable, and well-researched news to readers. My work focuses on presenting facts in a clear, balanced, and easy-to-understand manner while maintaining the highest standards of journalism.Over the years, I have contributed to numerous publications and continue to remain actively involved in both newspaper and digital media platforms. My goal is to keep readers informed with trustworthy news, meaningful analysis, and timely updates from around the world.

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment