West Bank Mosque Attack : यरुशलम/वेस्ट बैंक। कब्ज़े वाले वेस्ट बैंक में हालात एक बार फिर बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। फिलिस्तीनी अधिकारियों के मुताबिक, अलग-अलग इलाकों में इजरायली सेटलर्स ने दो मस्जिदों को आग लगा दी। इन हमलों में मस्जिदों को काफी नुकसान पहुंचा, जबकि दीवारों पर नस्लीय और नफरत फैलाने वाले नारे भी लिखे गए। इस घटना के बाद पूरे इलाके में खौफ और गुस्से का माहौल है।
रिपोर्टों के अनुसार, पहला हमला नाबलुस के करीब कुसरा (Qusra) इलाके में हुआ, जहां निर्माणाधीन मस्जिद में आग लगा दी गई। इसके कुछ ही समय बाद तुलकरम के पास कुर (Kur/Kour) गांव की मस्जिद को भी निशाना बनाया गया। स्थानीय लोगों ने समय रहते आग पर काबू पाने की कोशिश की, लेकिन इमारत के कई हिस्सों को नुकसान पहुंचा। हमलावरों ने मौके पर नस्लीय संदेश और धमकी भरे नारे भी लिखे।
फिलिस्तीनी प्रशासन ने इन घटनाओं की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि धार्मिक स्थलों को निशाना बनाना केवल संपत्ति पर हमला नहीं, बल्कि धार्मिक आज़ादी और इंसानी उसूलों पर भी हमला है। अधिकारियों ने कहा कि ऐसे हमले लगातार बढ़ रहे हैं और इससे आम लोगों में डर का माहौल पैदा हो रहा है।
वेस्ट बैंक में पहले से ही तनाव चरम पर…
यह घटनाएं ऐसे समय सामने आई हैं जब वेस्ट बैंक में पहले से ही तनाव चरम पर है। हाल के दिनों में कई जगह झड़पें हुई हैं, जिनमें दोनों पक्षों के लोगों की जान गई। सुरक्षा हालात बिगड़ने के बाद इलाके में अतिरिक्त सैन्य तैनाती की गई है और कई स्थानों पर तलाशी अभियान भी चलाए जा रहे हैं।West Bank Mosque Attack

फिलिस्तीनी अधिकारियों का कहना है कि वर्ष 2025 से अब तक कम से कम 45 मस्जिदों को या तो नुकसान पहुंचाया गया है या उनमें आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाएं हुई हैं। उनका आरोप है कि धार्मिक स्थलों को बार-बार निशाना बनाए जाने के बावजूद प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही, जिससे ऐसे हमलों का सिलसिला जारी है।
इजरायली सेना ने धार्मिक स्थलों पर हमलों की निंदा की…
दूसरी ओर, इजरायली सेना ने धार्मिक स्थलों पर हमलों की निंदा करते हुए कहा है कि मामले की जांच की जा रही है। हालांकि, फिलिस्तीनी पक्ष का आरोप है कि ऐसी घटनाओं पर सख्त कार्रवाई नहीं होने से हमलावरों का हौसला बढ़ता है।West Bank Mosque Attack
इस पूरे घटनाक्रम पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चिंता जताई जा रही है। कई देशों और मानवाधिकार संगठनों ने धार्मिक स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और दोषियों के खिलाफ निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि किसी भी धर्म के पूजा स्थल पर हमला स्वीकार नहीं किया जा सकता और इससे क्षेत्र में शांति बहाली की कोशिशों को नुकसान पहुंचता है।

विशेषज्ञों का मानना है कि वेस्ट बैंक में बढ़ती हिंसा केवल स्थानीय मुद्दा नहीं रह गई है। लगातार हो रही झड़पें, धार्मिक स्थलों पर हमले और राजनीतिक तनाव पूरे क्षेत्र की स्थिरता को प्रभावित कर रहे हैं। उनका कहना है कि हालात सामान्य करने के लिए सभी पक्षों को संयम बरतना होगा और बातचीत के रास्ते तलाशने होंगे। West Bank Mosque Attack

फिलहाल दोनों मस्जिदों में हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। स्थानीय लोग मस्जिदों की सफाई और मरम्मत में जुटे हैं, जबकि सुरक्षा एजेंसियां घटनास्थल से सबूत इकट्ठा कर रही हैं। पूरे इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की गई है। West Bank Mosque Attack



















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