Husband Wife Surajpur : छत्तीसगढ़ : किसी भी रिश्ते की नींव भरोसे और सम्मान पर टिकी होती है। लेकिन जब यही भरोसा शक में बदल जाए और शक हैवानियत का रूप ले ले, तो रिश्ते ही नहीं बल्कि इंसानियत भी हार जाती है। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर-कोरिया क्षेत्र से सामने आया एक मामला पूरे देश को झकझोर रहा है।
आरोप है कि एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी के चरित्र पर संदेह करते हुए उसके साथ ऐसी क्रूरता की, जिसे सुनकर किसी का भी दिल दहल जाए। पीड़िता का दावा है कि उसके पति ने पहले उसके साथ मारपीट की, फिर उसका सिर मुंडवा दिया, चेहरा काला कर दिया और पूरे गांव में बेइज्जत किया। इतना ही नहीं, महिला ने आरोप लगाया है कि उसे जबरन पेशाब पिलाया गया और बच्चों से भी उस पर पेशाब करवाया गया।
घटना सामने आने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। सोशल मीडिया पर मामले को लेकर लोगों में भारी नाराजगी देखने को मिली और आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठने लगी।
आरोपी पति ने क्या कहा ?
हालांकि इस पूरे मामले में आरोपी पति का पक्ष भी सामने आया है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में आरोपी खुद को निर्दोष बताते हुए दावा कर रहा है कि उसकी पत्नी के कई लोगों के साथ कथित तौर पर संबंध थे। पति का कहना है कि इसी वजह से परिवार में लंबे समय से विवाद चल रहा था और मामला इस स्थिति तक पहुंच गया। वीडियो में वह यह भी दावा करता दिखाई दे रहा है कि उसके बच्चों ने भी अपनी मां के खिलाफ शिकायत की थी और वे भी इस विवाद में उसके साथ थे। ( Husband Wife Surajpur )
हालांकि आरोपी द्वारा लगाए गए इन आरोपों की अब तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने भी फिलहाल इन दावों को सही या गलत नहीं बताया है। जांच एजेंसियां मामले के हर पहलू की जांच कर रही हैं और दोनों पक्षों के बयानों को दर्ज किया जा रहा है।
घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई शुरू की। सामने आई जानकारी के अनुसार आरोपी पति जितेंद्र सारथी को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 123 सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए विस्तृत जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना ने एक बार फिर समाज के सामने कई बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। अगर किसी रिश्ते में अविश्वास या विवाद है तो उसका समाधान कानून और बातचीत के जरिए होना चाहिए, न कि हिंसा और अपमान के जरिए। किसी भी व्यक्ति को कानून अपने हाथ में लेने का अधिकार नहीं है।
महिला अधिकार संगठनों ने भी इस मामले पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि महिलाओं के सम्मान और गरिमा के साथ इस तरह का व्यवहार किसी भी सभ्य समाज में स्वीकार नहीं किया जा सकता। साथ ही उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

फिलहाल पुलिस जांच जारी है और सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि जांच में आखिर क्या सच सामने आता है। लेकिन एक बात साफ है कि इस घटना ने इंसानियत को शर्मसार कर दिया है और समाज को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि आखिर रिश्तों में पैदा हुआ शक किस हद तक लोगों को हैवान बना सकता है। Husband Wife Surajpur

