Meerut Police Action : मेरठ। मेरठ में महिला की मौत के मामले में पुलिस ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि केस का सफल अनावरण किए जाने के बावजूद कुछ लोगों ने मृतका के परिजनों को भड़काकर माहौल खराब करने की कोशिश की। पुलिस ने ऐसे ही एक मुख्य आरोपी दिग्विजय सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने भीड़ को उकसाने, अवैध रूप से सड़क जाम कराने और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने में अहम भूमिका निभाई।
पुलिस की ओर से जारी प्रेस नोट के मुताबिक, 15 मई को थाना टीपीनगर क्षेत्र से एक महिला लापता हुई थी। अगले दिन उसके परिजनों ने गुमशुदगी दर्ज कराई। 17 मई को महिला का शव थाना रोहटा क्षेत्र के एक गांव से बरामद हुआ, जिसकी तत्काल पहचान कर ली गई। पूरे मामले की विवेचना क्षेत्राधिकारी ब्रह्मपुरी की निगरानी में की गई।
जांच के दौरान पुलिस ने मुख्य आरोपी के अलावा दो अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आने का दावा किया। पुलिस के अनुसार इन लोगों ने सबूत मिटाने में मदद की थी। इसके बाद संबंधित धाराओं में बढ़ोतरी करते हुए उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई।
प्रेस नोट में कहा गया है कि जांच के दौरान पुलिस अधिकारी लगातार मृतका के परिवार के संपर्क में रहे। परिवार द्वारा उठाए गए सभी सवालों और मांगों पर विस्तार से बातचीत की गई। अधिकारियों का दावा है कि परिजनों को जांच की प्रगति से लगातार अवगत कराया जा रहा था और उनकी शिकायतों का समाधान भी किया गया।

पुलिस का कहनाह है,ज्ञापन देने के नाम पर भीड़ इकट्ठा कर सड़क जाम कर दी गई Meerut Police Action
इसके बावजूद पुलिस के अनुसार कुछ अराजक तत्वों ने मामले को नया रंग देने की कोशिश की। ज्ञापन देने के नाम पर भीड़ इकट्ठा कर सड़क जाम कर दी गई, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने कई बार प्रदर्शनकारियों को समझाने की कोशिश की, लेकिन जब जाम नहीं खुला तो कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए न्यूनतम बल प्रयोग कर रास्ता खाली कराया गया। Meerut Police Action
पुलिस का कहना है कि पूरे घटनाक्रम के वीडियो फुटेज, सोशल मीडिया पोस्ट और अन्य डिजिटल साक्ष्यों का विश्लेषण किया गया। जांच में जिन लोगों की सक्रिय भूमिका सामने आई, उन्हें चिन्हित कर कार्रवाई शुरू कर दी गई। इसी क्रम में दिग्विजय सिंह पुत्र रघुराज सिंह भाटी निवासी हसनपुर, अमरोहा को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के अनुसार दिग्विजय सिंह के खिलाफ पहले से भी कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। इनमें मारपीट, धमकी, कानून-व्यवस्था भंग करने, एससी-एसटी एक्ट समेत विभिन्न धाराओं के मामले शामिल बताए गए हैं। इसी तरह रवि गौतम नामक व्यक्ति के खिलाफ भी हत्या सहित कई गंभीर मुकदमे दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है।
मेरठ पुलिस का कहना है कि अन्य चिन्हित व्यक्तियों की भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है। जिनके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मिलेंगे, उनके विरुद्ध भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि किसी भी व्यक्ति को कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है कि किसी भी संवेदनशील मामले में अफवाहों या भड़काऊ संदेशों पर भरोसा न करें। सोशल मीडिया पर बिना पुष्टि के जानकारी साझा करने से बचें और यदि किसी को कोई शिकायत हो तो वह कानूनन तरीके से प्रशासन के सामने अपनी बात रखे।
मेरठ पुलिस का कहना है कि महिला मौत मामले की विवेचना निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से जारी है। दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी, लेकिन कानून-व्यवस्था बिगाड़ने या लोगों को उकसाने वालों को भी बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन ने दोहराया कि न्यायिक प्रक्रिया के साथ-साथ शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखना सभी नागरिकों की जिम्मेदारी है। Meerut Police Action

