E20 Fuel Mileage: नई दिल्ली, देश में E20 पेट्रोल को लेकर जारी बहस के बीच आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार और वाहन निर्माताओं पर बड़ा सवाल खड़ा किया है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार और ऑटोमोबाइल कंपनियां दावा करती हैं कि E20 ईंधन पूरी तरह सुरक्षित है, तो कंपनियां इसे लिखित रूप में अपने ग्राहकों को भरोसा देकर साबित करें। इस बयान के बाद E20 ईंधन को लेकर सियासी माहौल एक बार फिर गरमा गया है।
नई दिल्ली में मीडिया से बातचीत करते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि वह उन सभी वाहन कंपनियों को पत्र लिखेंगे, जिन्होंने हाल ही में सरकार की प्रेस कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेकर E20 फ्यूल को सुरक्षित बताया था। उन्होंने कहा कि कंपनियां दो महत्वपूर्ण बिंदुओं पर लिखित गारंटी दें ताकि उपभोक्ताओं का भरोसा कायम हो सके।
केजरीवाल ने कहा कि पहली गारंटी यह होनी चाहिए कि यदि E20 ईंधन के इस्तेमाल से किसी वाहन का माइलेज 10 प्रतिशत से अधिक कम होता है तो कंपनी ग्राहक को उसका पूरा मुआवज़ा देगी। दूसरी गारंटी यह हो कि यदि E20 फ्यूल के कारण वाहन के किसी भी हिस्से में खराबी आती है तो कंपनी उसे बिना किसी शुल्क के बदलेगी या ठीक करेगी। उनका कहना था कि यदि कंपनियों को अपने दावों पर पूरा भरोसा है तो उन्हें ऐसी लिखित ज़िम्मेदारी लेने में कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए।
AAP प्रमुख ने आरोप लगाया कि देशभर के करोड़ों वाहन मालिकों की चिंताओं को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा। उन्होंने कहा कि जनता के मन में माइलेज कम होने और इंजन पर असर पड़ने जैसी आशंकाएं हैं। ऐसे में केवल मौखिक बयान देने के बजाय कंपनियों को कानूनी और लिखित भरोसा देना चाहिए।
दूसरी ओर, केंद्र सरकार और वाहन उद्योग लगातार यह कह रहे हैं कि E20 कार्यक्रम व्यापक वैज्ञानिक परीक्षणों और लंबे अध्ययन के बाद लागू किया गया है। सरकार के साथ हुई हालिया प्रेस कॉन्फ्रेंस में कई प्रमुख ऑटोमोबाइल कंपनियों के प्रतिनिधियों ने दावा किया कि E20 ईंधन सुरक्षित है और पुराने वाहनों पर भी व्यापक परीक्षण किए गए हैं। सरकार का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य पेट्रोल में एथेनॉल की मात्रा बढ़ाकर आयातित ईंधन पर निर्भरता कम करना और पर्यावरण को लाभ पहुंचाना है।

केजरीवाल ने कहा कि वह इस पूरे मुद्दे पर प्रधानमंत्री और संबंधित कंपनियों को भी पत्र लिखेंगे ।E20 Fuel Mileage
हालांकि विपक्ष का कहना है कि उपभोक्ताओं की चिंताओं का समाधान केवल दावों से नहीं बल्कि ठोस आश्वासन से होना चाहिए। केजरीवाल ने कहा कि वह इस पूरे मुद्दे पर प्रधानमंत्री और संबंधित कंपनियों को भी पत्र लिखेंगे ताकि वाहन मालिकों को स्पष्ट जवाब मिल सके। E20 Fuel Mileage
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि E20 ईंधन का मुद्दा अब केवल तकनीकी नहीं बल्कि राजनीतिक बहस का विषय भी बन चुका है। एक तरफ सरकार इसे ऊर्जा सुरक्षा और हरित ईंधन की दिशा में बड़ा कदम बता रही है, वहीं विपक्ष उपभोक्ताओं के हितों और संभावित नुकसान का मुद्दा उठा रहा है। आने वाले दिनों में यह विवाद और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।
फिलहाल वाहन मालिकों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि ऑटोमोबाइल कंपनियां केजरीवाल की मांग पर क्या प्रतिक्रिया देती हैं और क्या वे ग्राहकों को लिखित गारंटी देने के लिए तैयार होंगी या नहीं। इसी के साथ E20 ईंधन को लेकर देशभर में बहस लगातार जारी है। E20 Fuel Mileage

