Iran Attack UAE:(अंतरराष्ट्रीय डेस्क) अमेरिका और ईरान के बीच जारी सैन्य टकराव के बीच खाड़ी क्षेत्र से एक बार फिर बड़ी खबर सामने आई है। ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात यानी UAE में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों और अमेरिकी सैन्य संपत्तियों को निशाना बनाए जाने का दावा किया है। इससे पहले भी ईरान की ओर से UAE समेत खाड़ी के दूसरे देशों में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाए जाने की खबरें सामने आती रही हैं।
मंगलवार को क्षेत्र में हालात उस वक्त और गंभीर दिखाई दिए जब ईरान और अमेरिका के बीच तनाव के साथ-साथ खाड़ी के दूसरे हिस्सों में भी हमलों का सिलसिला तेज हो गया। Reuters की रिपोर्ट के मुताबिक ईरान ने हालिया अमेरिकी कार्रवाइयों के बाद जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी है और खाड़ी क्षेत्र में आगे भी तनाव बढ़ने की आशंका बनी हुई है।
अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाने का दावा
ईरान और अमेरिका के बीच कई महीनों से जारी संघर्ष में खाड़ी के वे देश भी दबाव में आ गए हैं जहां अमेरिका की सैन्य मौजूदगी है। UAE, कतर, बहरीन, कुवैत, जॉर्डन और इराक जैसे देशों में अमेरिकी सैन्य सुविधाएं या अमेरिकी सैनिकों की मौजूदगी रही है। ईरान पहले भी इन ठिकानों को अपने जवाबी हमलों का संभावित निशाना बताता रहा है। Iran Attack UAE
31 अगस्त की रिपोर्ट में Al Jazeera ने बताया था कि ईरान ने जॉर्डन में अमेरिकी ठिकानों और UAE में अमेरिकी सैन्य संपत्तियों पर हमले का दावा किया था। ईरान ने इसे लारक द्वीप पर अमेरिकी कार्रवाई के जवाब के तौर पर पेश किया था।
इस पूरे घटनाक्रम ने UAE की सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ पूरे Gulf क्षेत्र में चिंता बढ़ा दी है। UAE अमेरिका का अहम सहयोगी है और यहां मौजूद अमेरिकी सैन्य सुविधाएं रणनीतिक तौर पर काफी महत्वपूर्ण मानी जाती हैं।
होर्मुज पर भी बढ़ा दबाव, तेल बाजार में हलचल
मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव का सीधा असर तेल बाजार पर भी दिखाई दे रहा है। फारस की खाड़ी और Strait of Hormuz दुनिया के लिए बेहद अहम समुद्री रास्ता है। यहां किसी भी तरह का सैन्य तनाव बढ़ने से कच्चे तेल की सप्लाई और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग पर असर पड़ सकता है। Iran Attack UAE
Reuters के मुताबिक मंगलवार को Brent crude की कीमत करीब 98 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई। बाजार में यह चिंता बनी हुई है कि अगर संघर्ष और फैलता है तो तेल की कीमतें और ऊपर जा सकती हैं।
इसी बीच ईरान की ओर से Gulf में नई प्रतिबंधित समुद्री सीमा बनाए जाने की चेतावनी भी सामने आई है। इससे Hormuz से गुजरने वाले जहाजों की आवाजाही को लेकर नई चिंताएं पैदा हो गई हैं। Iran Attack UAE

मामले की गंभीरता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि दक्षिण कोरिया ने भी Strait of Hormuz की सुरक्षा स्थिति का जायजा लेने के लिए एक टीम UAE भेजी है। हालांकि दक्षिण कोरियाई सरकार ने साफ किया है कि अभी किसी सैन्य तैनाती का अंतिम फैसला नहीं हुआ है।
दूसरी तरफ, इसी दिन ईरान समर्थित हूती लड़ाकों ने सऊदी अरब के कई शहरों में मिसाइल और ड्रोन हमले किए। Reuters और AP के मुताबिक इन हमलों में 70 से ज्यादा लोग घायल हुए और तेल से जुड़ी महत्वपूर्ण सुविधाओं को नुकसान पहुंचा। Iran Attack UAE
अमेरिका-ईरान टकराव से पूरे क्षेत्र पर खतरा..Iran Attack UAE
ईरान और अमेरिका के बीच मौजूदा टकराव अब सिर्फ दोनों देशों तक सीमित नहीं रह गया है। खाड़ी के कई देश इसकी चपेट में आते दिखाई दे रहे हैं। अमेरिकी सैन्य ठिकाने जहां मौजूद हैं, वहां ईरानी हमलों का खतरा बना हुआ है, जबकि ईरान के खिलाफ अमेरिकी कार्रवाई से जुड़े देशों और ठिकानों पर भी जवाबी हमले की आशंका है। Iran Attack UAE

इस बीच अमेरिका ने ईरान पर आर्थिक दबाव भी बढ़ाया है। Reuters के अनुसार अमेरिका ने मंगलवार को ईरान के विमानन क्षेत्र से जुड़े 36 नए प्रतिबंधों का ऐलान किया। इनमें ईरानी एयरलाइंस, उनसे जुड़े नेटवर्क और कुछ विदेशी कंपनियां भी शामिल हैं।
यानी एक तरफ सैन्य मोर्चे पर तनाव बढ़ रहा है तो दूसरी तरफ आर्थिक दबाव भी तेज किया जा रहा है। ऐसे हालात में बातचीत और कूटनीतिक समाधान की गुंजाइश पर भी पूरी दुनिया की नजर है।
विशेषज्ञों के लिए सबसे बड़ी चिंता यह है कि कहीं UAE, सऊदी अरब, बहरीन, कतर, कुवैत और दूसरे Gulf देशों में अमेरिकी ठिकानों पर हमलों का सिलसिला व्यापक क्षेत्रीय युद्ध में तब्दील न हो जाए। अगर Hormuz में समुद्री यातायात लंबे समय तक प्रभावित होता है तो इसका असर केवल मध्य-पूर्व तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि एशिया, यूरोप और दुनिया के दूसरे हिस्सों में भी तेल की कीमतों और व्यापार पर पड़ सकता है। Iran Attack UAE
फिलहाल क्षेत्र में स्थिति बेहद तनावपूर्ण बनी हुई है। ईरान लगातार अमेरिकी कार्रवाइयों का जवाब देने की बात कह रहा है, जबकि अमेरिका भी अपनी सैन्य और आर्थिक रणनीति पर आगे बढ़ रहा है। UAE और दूसरे Gulf देशों के लिए सबसे बड़ी चुनौती यह है कि वे इस बढ़ते टकराव के बीच अपनी सुरक्षा और आर्थिक गतिविधियों को किस तरह सामान्य बनाए रखें।
स्थिति तेजी से बदल रही है और UAE में अमेरिकी ठिकानों पर आज के कथित हमले से जुड़े नुकसान, हताहतों और सैन्य कार्रवाई की पूरी तस्वीर सामने आने में अभी और जानकारी की जरूरत है। Iran Attack UAE
Sources : Reuters , Al Jazeera


















